वॉशिंगटन, 10 अक्टूबर। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप रूस से डीजल खरीदने के फैसले को लेकर अपने ही देश में आलोचनाओं का सामना कर रहे हैं। रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर टैरिफ लगाने की नीति अपनाने वाले ट्रंप ने अब रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ डीजल आपूर्ति को लेकर समझौते की घोषणा की है। इस फैसले पर अमेरिकी सांसदों और यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने सवाल उठाए हैं।
रूस से डीजल खरीदने की योजना
ट्रंप ने सोशल मीडिया के जरिए जानकारी देते हुए कहा कि रूस अमेरिका और वैश्विक बाजार के लिए डीजल की आपूर्ति करेगा। उनकी घोषणा में शुरुआत में तीन लाख टन से अधिक डीजल की आपूर्ति की बात कही गई है। इसके बाद नवंबर में पांच लाख टन और आगे तीन लाख टन डीजल की आपूर्ति की योजना बताई गई है।
ट्रंप ने दावा किया कि रूस से ऊर्जा आपूर्ति बढ़ने और होर्मुज जलडमरूमध्य पर अमेरिकी नियंत्रण के कारण अमेरिका सहित दुनिया के कई देशों में डीजल की कीमतें तेजी से कम हो सकती हैं। उन्होंने ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने की बात भी कही।
अमेरिकी सांसद ने फैसले को बताया शर्मनाक
डेमोक्रेटिक पार्टी के अमेरिकी सीनेटर रिचर्ड ब्लूमेंथल ने ट्रंप के फैसले की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने रूसी डीजल पर प्रतिबंधों में ढील देने को शर्मनाक बताते हुए कहा कि इससे अमेरिका अप्रत्यक्ष रूप से यूक्रेन के खिलाफ रूस की जंग में उसका साझेदार बन सकता है।
ब्लूमेंथल ने आरोप लगाया कि इस फैसले से रूस और चीन की अर्थव्यवस्थाओं को फायदा हो सकता है। उन्होंने कहा कि रूसी राष्ट्रपति पुतिन के साथ इस तरह का समझौता अमेरिका की छवि को नुकसान पहुंचाता है। उन्होंने ट्रंप से समझौता रद्द करने की मांग की और चेतावनी दी कि रूस के साथ कारोबार करने वाली अमेरिकी कंपनियों पर कांग्रेस की नजर रहेगी।
जेलेंस्की ने जताई चिंता
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने भी रूस को पेट्रोलियम उत्पाद बेचने की अनुमति देने के फैसले पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि इससे रूस को अतिरिक्त आर्थिक संसाधन मिल सकते हैं, जिनका इस्तेमाल वह यूक्रेन के खिलाफ युद्ध जारी रखने के लिए कर सकता है।
रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच ट्रंप के इस कदम ने अमेरिका की विदेश नीति और रूस पर लगाए गए प्रतिबंधों को लेकर नई बहस छेड़ दी है। अब इस फैसले के दोनों देशों के संबंधों और यूक्रेन युद्ध पर पड़ने वाले संभावित असर पर नजर बनी हुई है।

