रायपुर, 17 अगस्त। मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के बीच सड़क कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए करीब 15 हजार करोड़ रुपये की लागत वाली सड़क परियोजना पर काम किया जा रहा है। प्रस्तावित योजना में भोपाल-जबलपुर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे के साथ जबलपुर से छत्तीसगढ़ सीमा तक सड़क को सिक्सलेन करने का प्रस्ताव शामिल है।
भोपाल से रायपुर तक आसान होगा सफर
ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे बनने से भोपाल और जबलपुर के बीच यात्रा तेज और सुविधाजनक होने की उम्मीद है। इसके साथ ही जबलपुर से मंडला होते हुए छत्तीसगढ़ सीमा तक सड़क को छह लेन करने की योजना है। इससे दोनों राज्यों के बीच आवागमन को गति मिलने की संभावना है।
इन इलाकों से गुजर सकता है कॉरिडोर
प्रस्तावित मार्ग में भोपाल, सागर, दमोह, जबलपुर और मंडला जैसे क्षेत्र शामिल बताए जा रहे हैं। छत्तीसगढ़ की ओर यह कनेक्टिविटी आगे कवर्धा और सिमगा होते हुए रायपुर तक पहुंचने की संभावना है।
परियोजना के पूरा होने से दोनों राज्यों के बीच व्यापार, परिवहन और औद्योगिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
यात्रा का समय होगा कम
नई सड़क परियोजनाओं से भोपाल और रायपुर के बीच यात्रा का समय मौजूदा समय की तुलना में कम होने की उम्मीद है। बेहतर सड़क और छह लेन कॉरिडोर बनने से यात्रियों के साथ माल परिवहन को भी फायदा मिल सकता है।
हालांकि, परियोजना की अंतिम लागत, मार्ग और निर्माण की समयसीमा आधिकारिक मंजूरी और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) के बाद ही स्पष्ट होगी।

