रायपुर, 11 अगस्त। Breaking News: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में पुलिस ने दो संदिग्ध बांग्लादेशी नागरिकों को पकड़ा है। दोनों के पकड़े जाने के बाद अवैध घुसपैठ और फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाले नेटवर्क को लेकर जांच तेज हो गई है। पुलिस के मुताबिक, इनमें से एक युवक रायपुर में रहकर मैकेनिक का काम कर रहा था।
पुलिस को इंटेलिजेंस इनपुट मिलने के बाद टिकरापारा थाना पुलिस ने संजय नगर निवासी शेख रेहान को हिरासत में लिया। पूछताछ और दस्तावेजों की जांच में उसके बांग्लादेशी नागरिक होने की जानकारी सामने आई।
पुलिस कार्रवाई की भनक लगते ही माता-पिता फरार
पहचान की पुष्टि के बाद पुलिस ने शेख रेहान को डिटेंशन सेंटर भेज दिया। वहीं, पुलिस कार्रवाई की जानकारी मिलते ही उसके माता-पिता फरार हो गए। पुलिस उनकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि रेहान की बहन की शादी रायपुर में ही हुई है और उसका एक छोटा बच्चा है। पुलिस ने उससे पूछताछ की है। रेहान टिकरापारा क्षेत्र में मैकेनिक का काम करता था।
कबाड़ का कारोबार करने वाला दूसरा युवक भी पकड़ा गया
पुलिस ने संजय नगर इलाके से जमालकरी नाम के एक अन्य बांग्लादेशी नागरिक को भी पकड़ा है। वह कबाड़ का कारोबार करता था। दोनों से पूछताछ कर उनके स्थानीय संपर्कों और संभावित नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
फर्जी दस्तावेजों के रैकेट का शक
प्राथमिक जांच में पुलिस को आशंका है कि कुछ एजेंट पैसे लेकर बांग्लादेशी नागरिकों को रायपुर लाने और उनके लिए आधार कार्ड, पहचान पत्र समेत अन्य दस्तावेज तैयार कराने में मदद कर सकते हैं। पुलिस अब इस संभावित नेटवर्क और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
बीजापुर में पकड़े गए एक अन्य बांग्लादेशी नागरिक से मिले इनपुट के बाद वहां की पुलिस टीम भी जांच के सिलसिले में रायपुर पहुंची है।
रायपुर में इससे पहले भी बांग्लादेशी नागरिकों के पकड़े जाने के मामले सामने आ चुके हैं। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इन मामलों के पीछे कोई संगठित नेटवर्क या फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाला रैकेट सक्रिय है या नहीं।

