रायपुर, 13 अक्टूबर। Custom Milling Scam: छत्तीसगढ़ के कस्टम मिलिंग घोटाला मामले में कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) उन्हें आज कोर्ट में पेश करने जा रहा है। इससे पहले ED ने उनकी 9.06 करोड़ रुपये की संपत्ति अटैच की है।
ED के रायपुर जोनल ऑफिस ने रामगोपाल अग्रवाल को 9 अक्टूबर 2026 को कस्टम मिलिंग घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किया था। इसके बाद से जांच में तेजी आई है। एजेंसी की ताजा कार्रवाई में रायपुर के अनुपम नगर स्थित बंगले और कटोरा तालाब क्षेत्र के एक फ्लैट को शामिल किया गया है।
शराब घोटाला मामले में भी आरोपी
रामगोपाल अग्रवाल छत्तीसगढ़ के कथित शराब घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में भी आरोपी हैं। ED ने उन्हें 11 अगस्त 2026 को इस मामले में गिरफ्तार किया था। इससे पहले वह करीब तीन साल तक फरार रहे थे। बाद में 8 जुलाई को उन्होंने आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) कार्यालय पहुंचकर सरेंडर किया था।
शराब घोटाला मामले में जांच एजेंसियां सरकारी शराब कारोबार में कथित अनियमितताओं, अवैध वसूली और पैसों के लेन-देन की जांच कर रही हैं। ED की FIR में 3,200 करोड़ रुपये से अधिक के कथित घोटाले का उल्लेख है।
जांच एजेंसियों का आरोप है कि तत्कालीन सरकार के कार्यकाल में अधिकारियों और कारोबारियों के कथित नेटवर्क के जरिए घोटाले को अंजाम दिया गया। हालांकि, इन आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत में होना बाकी है।

