महासमुंद, 09 सितम्बर। Mahasamund Crime News: छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में खैर लकड़ी के कथित अवैध परिवहन और फर्जी NOC से जुड़े मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने आरोपी मनीष अग्रवाल के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के मुड़पार स्थित मकान में दबिश देकर 81 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं।
500 रुपये के नोटों की 162 गड्डियां मिलीं
पुलिस की तलाशी के दौरान मकान में एक थैले से 500-500 रुपये के नोटों की 162 गड्डियां मिलीं। इनमें कुल 16,200 नोट थे, जिनकी कीमत 81 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस ने रकम जब्त कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
23,350 किलो खैर लकड़ी के परिवहन का मामला
यह मामला करीब 23,350 किलोग्राम खैर लकड़ी के कथित अवैध परिवहन से जुड़ा है। जांच में पुलिस को लकड़ी के परिवहन के लिए इस्तेमाल किए गए दस्तावेजों और NOC में कथित फर्जीवाड़े के संकेत मिले हैं।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि फर्जी दस्तावेज किसने तैयार किए और इस पूरे मामले में कौन-कौन लोग शामिल हैं।
तीन आरोपी गिरफ्तार, ट्रांसपोर्टर की तलाश
मामले में पुलिस मनीष अग्रवाल, रोहित मित्तल और सलाउद्दीन खान को गिरफ्तार कर चुकी है। वहीं ट्रांसपोर्टर भरत मेश्राम के फरार होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
सर्च वारंट के बाद हुई कार्रवाई
पुलिस ने जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर आरोपी के मुड़पार स्थित मकान की तलाशी के लिए कोर्ट से सर्च वारंट लिया था। इसके बाद 7 सितंबर को मकान की तलाशी ली गई, जहां से 81 लाख रुपये बरामद हुए।
अब पुलिस नकदी के स्रोत का पता लगा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि बरामद रकम का संबंध खैर लकड़ी के कथित अवैध कारोबार से है या नहीं। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

