भोपाल, 03 अक्टूबर। MP News: राजधानी में आयोजित राज्य स्तरीय गौपालक सम्मेलन में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने मध्यप्रदेश को नशामुक्त बनाने को लेकर बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि सरकार ने 31 दिसंबर 2029 तक मध्यप्रदेश को पूरी तरह नशामुक्त बनाने का लक्ष्य तय किया है। इस दिशा में सरकार और प्रशासन ठोस रणनीति के साथ काम कर रहे हैं।
अभिभावकों और माताओं को दिया भरोसा
सम्मेलन को संबोधित करते हुए अमित शाह ने प्रदेश के अभिभावकों और खासतौर पर माताओं को भरोसा दिलाया कि सरकार युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री और राज्य के गृह विभाग के साथ बैठक कर नशे के खिलाफ प्रभावी रणनीति तैयार की जाएगी।
अमित शाह ने कहा कि 31 दिसंबर 2029 से पहले मध्यप्रदेश को नारकोटिक्स और नशे की समस्या से मुक्त करने का लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के किसी भी बेटे-बेटी के भविष्य पर नशे का साया न रहे।
देश में बढ़ा दुग्ध उत्पादन
कार्यक्रम के दौरान अमित शाह ने देश के बढ़ते दुग्ध उत्पादन का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारत आज दुनिया का सबसे अधिक दुग्ध उत्पादन करने वाला देश बन चुका है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, देश का वार्षिक दूध उत्पादन 2020-21 में करीब 209.96 मिलियन टन था, जो बढ़कर 2024-25 में लगभग 247.87 मिलियन टन हो गया है।
उन्होंने कहा कि सरकार गौपालकों और डेयरी क्षेत्र को मजबूत करने के लिए लगातार कदम उठा रही है। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिल रही है।
नशामुक्ति के लिए बनेगी ठोस रणनीति
अमित शाह के मुताबिक, मध्यप्रदेश को नशामुक्त बनाने के लिए उच्चस्तरीय स्तर पर योजना तैयार की जा रही है। सरकार का लक्ष्य 2029 के अंत तक प्रदेश से नशीले पदार्थों की समस्या को खत्म करना और युवाओं का भविष्य सुरक्षित करना है।

