नई दिल्ली, 22 अगस्त। CM VishnuDev Sai: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने नई दिल्ली में आयोजित दो दिवसीय वर्ल्ड लीडर्स फोरम में वैश्विक निवेशकों और आर्थिक जगत की प्रमुख हस्तियों के सामने छत्तीसगढ़ की आर्थिक प्रगति, निवेश संभावनाओं और भविष्य की विकास योजनाओं का रोडमैप प्रस्तुत किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ अब केवल खनिज और पारंपरिक उद्योगों तक सीमित नहीं है, बल्कि युवा शक्ति, नवाचार, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, स्टार्टअप, ग्रीन एनर्जी और आधुनिक विनिर्माण के जरिए नई अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है। सरकार का उद्देश्य निवेश को रोजगार, उद्यमिता और बेहतर आय के अवसरों से जोड़ना है।
6.31 लाख करोड़ की अर्थव्यवस्था
CM साय ने बताया कि वर्ष 2025-26 में छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था का आकार करीब 6.31 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया है। इस दौरान राज्य की आर्थिक विकास दर 11.57 प्रतिशत रही, जबकि प्रति व्यक्ति आय बढ़कर 1 लाख 79 हजार 244 रुपये हो गई है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2026-27 के 1.72 लाख करोड़ रुपये के बजट में अधोसंरचना, पूंजीगत व्यय और सामाजिक कल्याण को प्राथमिकता दी गई है।
8 लाख करोड़ से ज्यादा के निवेश प्रस्ताव
मुख्यमंत्री ने कहा कि नई औद्योगिक विकास नीति 2024-30 और सिंगल विंडो सिस्टम 2.0 जैसे सुधारों के बाद छत्तीसगढ़ को 8 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं।
स्टील, सीमेंट और खनिज आधारित उद्योगों के साथ अब सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स, एआई, डेटा सेंटर, फार्मा, टेक्सटाइल, लॉजिस्टिक्स, ग्रीन एनर्जी और फूड प्रोसेसिंग जैसे क्षेत्रों में भी निवेश की संभावनाएं बढ़ रही हैं।
2030 तक 5 हजार स्टार्टअप का लक्ष्य
साय ने कहा कि सरकार का लक्ष्य वर्ष 2030 तक प्रदेश में 5 हजार स्टार्टअप विकसित करना है। नए उद्यमियों को अपने विचारों को व्यवसाय में बदलने के लिए 10 लाख रुपये तक की सीड फंड सहायता दी जा रही है।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवा केवल नौकरी तलाशने वाले नहीं, बल्कि रोजगार देने वाले उद्यमी बनें, सरकार इसी दिशा में काम कर रही है।
6 लाख विद्यार्थियों को मिलेगा AI प्रशिक्षण
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में 6 लाख विद्यार्थियों और 1.5 लाख सरकारी कर्मचारियों को एआई प्रशिक्षण देने की योजना है। नागरिक सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए 50 से अधिक एआई आधारित सरकारी सेवाएं विकसित की जाएंगी।
इसके अलावा 500 करोड़ रुपये के राज्य एआई मिशन के तहत 100 एआई डेटा लैब और 5 सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किए जाएंगे। नवा रायपुर में करीब 1,000 करोड़ रुपये की लागत से एआई डेटा सेंटर पार्क भी विकसित किया जा रहा है।
बस्तर और ग्रीन एनर्जी पर विशेष फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर को विकास, निवेश, पर्यटन और रोजगार के नए केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। उन्होंने जगदलपुर-रावघाट रेल परियोजना को बस्तर के आर्थिक विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।
ग्रीन एनर्जी के क्षेत्र में आने वाले वर्षों में करीब 4 हजार मेगावाट अतिरिक्त सौर ऊर्जा क्षमता विकसित करने का लक्ष्य है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ का अगला विकास चरण अब प्राकृतिक संसाधनों से आगे बढ़कर तकनीक, नवाचार, वैल्यू एडिशन और उद्यमिता पर आधारित होगा।


