वॉशिंगटन, 04 नवम्बर। US Midterm Election: अमेरिका में मिडटर्म चुनाव के नतीजों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। उनकी रिपब्लिकन पार्टी को चुनाव में बड़ा झटका लगा है, जबकि विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी ने सीनेट में बहुमत हासिल कर लिया है। वहीं, हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में भी डेमोक्रेट्स बढ़त बनाए हुए हैं। चुनावी नतीजों को ट्रम्प के लिए राजनीतिक चुनौती के रूप में देखा जा रहा है।
सीनेट में डेमोक्रेट्स को बहुमत
अमेरिकी सीनेट की कुल 100 सीटों में से 35 सीटों पर चुनाव हुए थे। अब तक सामने आए आंकड़ों के मुताबिक, डेमोक्रेटिक पार्टी ने 15 और रिपब्लिकन पार्टी ने 8 सीटों पर जीत दर्ज की है। कुल सीटों के आंकड़ों में डेमोक्रेट्स के पास 51 और रिपब्लिकन पार्टी के पास 39 सीटें बताई गई हैं।
हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में भी डेमोक्रेट्स आगे
हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स की सभी 435 सीटों पर मतदान हुआ। शुरुआती रुझानों में डेमोक्रेटिक पार्टी आगे रही। बाद के अनुमानों में पार्टी को 220 से ज्यादा सीटें मिलने की संभावना जताई गई। सदन में बहुमत के लिए 218 सीटों की जरूरत होती है। ऐसे में हाउस में भी डेमोक्रेट्स की स्थिति मजबूत बताई जा रही है।
ट्रम्प बोले- हार स्वीकार करने को तैयार
चुनावी नतीजों के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि वह हार स्वीकार करने और डेमोक्रेट्स के साथ मिलकर काम करने के लिए तैयार हैं। हालांकि, उन्होंने सोशल मीडिया पर यह भी दावा किया कि अगर वह खुद चुनाव में उम्मीदवार होते तो उनकी पार्टी बड़े अंतर से जीत हासिल करती।
पिया दांडिया और कीशा लांस बॉटम्स भी चर्चा में
इस चुनाव में भारतीय मूल की डेमोक्रेटिक उम्मीदवार पिया दांडिया ने फ्लोरिडा से हाउस सीट जीतकर सुर्खियां बटोरीं। वहीं, जॉर्जिया में कीशा लांस बॉटम्स की जीत को भी ऐतिहासिक बताया जा रहा है।
ट्रम्प के सामने बढ़ेंगी राजनीतिक चुनौतियां
मिडटर्म चुनाव में डेमोक्रेट्स की बढ़त से अमेरिकी राजनीति का समीकरण बदलता नजर आ रहा है। यदि दोनों सदनों में डेमोक्रेट्स का बहुमत कायम रहता है, तो ट्रम्प सरकार के लिए विधायी फैसलों और नीतियों को आगे बढ़ाना चुनौतीपूर्ण हो सकता है।


