Gen Alpha Protest: शिक्षा मंत्री के क्षेत्र में Gen Alpha का प्रदर्शन… शिक्षक और शौचालय की मांग को लेकर छात्रों चक्काजाम

Gen Alpha Protest: शिक्षा मंत्री के क्षेत्र में Gen Alpha का प्रदर्शन… शिक्षक और शौचालय की मांग को लेकर छात्रों चक्काजाम

दुर्ग, 26 अगस्त। Gen Alpha Protest: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में स्वामी आत्मानंद स्कूलों की व्यवस्था और मूलभूत सुविधाओं की कमी को लेकर विद्यार्थियों का गुस्सा सामने आया है। पेंड्रावन और सेलूद के स्कूलों में छात्रों ने शिक्षकों की कमी, शौचालय और बाउंड्रीवॉल जैसी सुविधाओं की मांग को लेकर प्रदर्शन किया।

पेंड्रावन में शिक्षकों की कमी से नाराज छात्र

धमधा क्षेत्र के पेंड्रावन स्थित स्वामी आत्मानंद स्कूल में कक्षा 9वीं से 12वीं तक करीब 400 विद्यार्थी पढ़ते हैं। छात्रों के मुताबिक, स्कूल में केवल 3 शिक्षक और 1 प्रधानाध्यापक हैं, जबकि पढ़ाई के लिए कम से कम 17 शिक्षकों की जरूरत है।

पाठ्यक्रम पूरा नहीं होने से नाराज छात्रों ने 21 अगस्त को खैरागढ़-धमधा मुख्य मार्ग पर प्रदर्शन किया था। प्रशासन के आश्वासन के बाद भी स्थिति में सुधार नहीं होने पर 25 अगस्त को छात्रों ने दोबारा चक्काजाम किया।

प्रदर्शन के बाद प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए ओपन स्कूल व्यवस्था समाप्त की, प्रधानाध्यापक को पद से हटाया और 3 नए शिक्षकों की नियुक्ति की। कॉमर्स विषय के एक और शिक्षक की व्यवस्था जल्द करने का आश्वासन दिया गया है। हालांकि, छात्र अभी भी आर्ट्स और कॉमर्स विषयों के लिए पर्याप्त शिक्षकों की मांग कर रहे हैं।

सेलूद में दो साल से शौचालय की समस्या

सेलूद के स्वामी आत्मानंद स्कूल में कक्षा 6वीं से 8वीं तक के 203 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। विद्यार्थियों का आरोप है कि स्कूल में करीब दो साल से शौचालय और बाउंड्रीवॉल की समस्या बनी हुई है।

समस्या से परेशान छात्रों ने स्कूल के मुख्य द्वार पर ताला लगाया और इसके बाद दुर्ग-पाटन मार्ग पर करीब एक घंटे तक प्रदर्शन किया। छात्राओं ने शौचालय नहीं होने से होने वाली परेशानी को लेकर सवाल उठाए।

बाउंड्रीवॉल नहीं होने से स्कूल परिसर की सुरक्षा को लेकर भी विद्यार्थियों ने चिंता जताई। उनका कहना है कि असामाजिक तत्व परिसर में आ जाते हैं और साइकिलों को नुकसान पहुंचाते हैं।

मामले की जानकारी मिलने पर शिक्षा विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने वैकल्पिक व्यवस्था के लिए प्राचार्य को राशि जारी करने और ऑनलाइन प्रस्ताव दर्ज करने के निर्देश दिए।

छात्रों ने कहा- पढ़ाई छोड़कर प्रदर्शन करना मजबूरी

प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों का कहना है कि वे पढ़ाई छोड़कर सड़क पर नहीं बैठना चाहते। लेकिन लंबे समय से शिकायतों के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं होने के कारण उन्हें प्रदर्शन करना पड़ा।

छात्रों ने कहा कि उनकी मांगें किसी राजनीति से जुड़ी नहीं हैं, बल्कि बेहतर शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं से संबंधित हैं।

बच्चों में अधिकारों को लेकर जागरूकता

पेंड्रावन और सेलूद के विद्यार्थियों का प्रदर्शन यह दिखाता है कि छात्र अपनी शिक्षा और स्कूल की बुनियादी सुविधाओं को लेकर जागरूक हैं। शिक्षकों की कमी, शौचालय और सुरक्षा जैसी समस्याओं को लेकर छात्रों ने प्रशासन से जल्द स्थायी समाधान की मांग की है।

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