नई दिल्ली, 20 जुलाई| Jantar Mantar Protest: जंतर-मंतर पर जारी छात्र प्रदर्शन और संसद मार्च के बीच सोमवार को तनाव की स्थिति देखने को मिली। प्रदर्शन स्थल से सामने आए कुछ वीडियो में रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवानों द्वारा प्रदर्शनकारियों पर लाठी चलाने के दृश्य दिखाई देने का दावा किया गया। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वह पूरे मामले को पेशेवर तरीके से संभाल रही है।
दिल्ली पुलिस ने बयान जारी कर कहा कि मीडिया के कुछ हिस्सों में जंतर-मंतर पर पुलिस द्वारा हिंसा या लोगों को हिरासत में लेने की छिटपुट घटनाओं का उल्लेख किया गया है। पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि ऐसी कोई घटना नहीं हुई है और प्रदर्शन को शांतिपूर्ण तरीके से नियंत्रित किया जा रहा है।
पत्थरबाजी और लाठीचार्ज के दावे
प्रदर्शन के दौरान पत्थरबाजी और लाठीचार्ज की स्थिति बनी। इस बीच विपक्षी सांसदों, नागरिक संगठनों के प्रतिनिधियों और विभिन्न क्षेत्रों की प्रमुख हस्तियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने छात्रों से आंदोलन को आगे बढ़ाने की अपील की।
23 दिन बाद छात्रों ने खत्म किया अनशन
प्रतिनिधिमंडल की अपील के बाद ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) के तीन कार्यकर्ताओं ने जंतर-मंतर पर जारी अपना 23 दिनों का अनिश्चितकालीन अनशन समाप्त कर दिया।
अनशन खत्म करने वालों में नेहा, मनीष और आमीन शामिल हैं। प्रतिनिधिमंडल ने छात्रों को भरोसा दिलाया कि उनकी मांगों को संसद के मानसून सत्र में उठाया जाएगा और आगे राजनीतिक व जन अभियानों के जरिए उनकी आवाज को मजबूती दी जाएगी।
छात्रों ने कहा कि आंदोलन जारी रहेगा और उनकी मांगों को लेकर संघर्ष आगे भी जारी रखा जाएगा।


